JMT शो केस मनीष पोल jantarmantartimes.online प्रताप सिम्हा के नाम से कम से कम चार किताबें तो हैं। हमने-आपने उनका नाम इसलिए नहीं सुना क्योंकि वो कन्नड में किताबें लिखते हैं। उनकी दो किताबें तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी पर हैं – एक तो जीवनी सी है और दूसरी बताती है कि वो मुस्लिम विरोधी हैं या नहीं।
उनकी एक किताब टीपू सुल्तान के स्वतंत्रता सेनानी होने पर सवाल खड़े करती है। वो पहले पत्रकार थे, और पत्रकार के रूप में वो जो स्तम्भ लिखते थे “बिट्टले जगत्तु” (नंगी दुनियां), उनका एक संकलन भी है। ये “बिट्टले जगत्तु” हिन्दुत्ववादी लेख श्रृंखला थी।
वो 2014 में उडुपी से चुनाव लड़ना चाहते थे, लेकिन पार्टी ने उन्हें मैसूर से लड़ने कहा। चुनावों से ठीक पहले उन्होंने पत्रकार की नौकरी से “कन्नड प्रभा” से इस्तीफा दिया था। मैसूर से दो बार 5 लाख से अधिक मतों के साथ जीतने वाले वो पहले उम्मीदवार हैं।
जाहिर है, पत्रकारिता के दौरान ऐसे स्तम्भ लिखें वाला, फ़िलहाल प्रेस कौंसिल ऑफ़ इंडिया का सदस्य, और उडुपी से जुड़ाव रखने वाला, कर्णाटक के उडुपी से शुरू हुए बुर्का विवाद पर भी बोलेगा ही। उनका भाषण सुनने के बाद ऐसा लग रहा है कि भाजपा बदल रही है।
बिना लाग लपेट के सीधी बात करने वाले योगी आदित्यनाथ के बाद हमने असम से हेमंत बिस्वा शर्मा को देखा। अब मेरे ख्याल से कर्णाटक की तरफ से एक और हिन्दुत्ववादी नेता का उदय हो रहा है। भाजपा के पुरानी पीढ़ी के डरपोक से लगने वाले नेता धीरे-धीरे नेपथ्य में जा रहे हैं!
https://youtu.be/zRh4pF4Ogy8 JMT शो केस मनीष पोल jantarmantartimes.online डायरेक्टर : सेंटर फॉर भारत अखंड CBA
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